📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Rohit Sharma
स्थानीय
रणथम्भौर के लाहपुर में बाघिन T-93 ने शावक के साथ दिखाई, बाघों की संख्या 63 तक बढ़ी
✍️ Amar Ujala · Rajasthan
🗓 01 नव. 2026, 07:36 PM
👁 6
रणथम्भौर टाइगर रिज़र्व‑I के लाहपुर क्षेत्र में बाघिन T‑93 ने शावक के साथ दिखी, जिससे बाघों की कुल संख्या 63 हो गई।
रणथम्भौर टाइगर रिज़र्व‑I के लाहपुर क्षेत्र में बाघिन T‑93 ने अपने शावक के साथ दिखाई दिया, यह देखना वन अधिकारियों ने नियमित गश्त के दौरान पुष्टि किया। इस माँ‑बच्चे की जोड़ी को आरक्षित क्षेत्र में सफल प्रजनन का संकेत माना गया है।
शावक की उपस्थिति से रणथम्भौर में बाघों की कुल संख्या 63 तक बढ़ गई, जो इस वर्ष की पहले की रिपोर्ट से वृद्धि दर्शाती है। संरक्षण विशेषज्ञ इस वृद्धि को आरक्षित क्षेत्र की उपयुक्त आवासीय परिस्थितियों और प्रभावी दमन उपायों का परिणाम मानते हैं।
राजस्थान के प्रमुख संरक्षण क्षेत्रों में से एक रणथम्भौर ने लंबे समय से भारत में बाघ संरक्षण का केंद्र बना हुआ है। बाघ परिवार में इस नई सदस्य का आगमन क्षेत्र में बाघों की संख्या स्थिर करने और बढ़ाने के निरंतर प्रयासों को रेखांकित करता है।
प्राधिकरण कैमरा ट्रैप और फील्ड निरीक्षण के माध्यम से इस जोड़ी की निरंतर निगरानी करेंगे, जिससे शावक की जीवित रहने की दर और समग्र जनसंख्या स्वास्थ्य पर डेटा प्राप्त हो सके।
शावक की उपस्थिति से रणथम्भौर में बाघों की कुल संख्या 63 तक बढ़ गई, जो इस वर्ष की पहले की रिपोर्ट से वृद्धि दर्शाती है। संरक्षण विशेषज्ञ इस वृद्धि को आरक्षित क्षेत्र की उपयुक्त आवासीय परिस्थितियों और प्रभावी दमन उपायों का परिणाम मानते हैं।
राजस्थान के प्रमुख संरक्षण क्षेत्रों में से एक रणथम्भौर ने लंबे समय से भारत में बाघ संरक्षण का केंद्र बना हुआ है। बाघ परिवार में इस नई सदस्य का आगमन क्षेत्र में बाघों की संख्या स्थिर करने और बढ़ाने के निरंतर प्रयासों को रेखांकित करता है।
प्राधिकरण कैमरा ट्रैप और फील्ड निरीक्षण के माध्यम से इस जोड़ी की निरंतर निगरानी करेंगे, जिससे शावक की जीवित रहने की दर और समग्र जनसंख्या स्वास्थ्य पर डेटा प्राप्त हो सके।