📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Yann Forget
शिक्षा
स्कूली बसों में ओवरलोडिंग पर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने प्रशासन को फटकारा
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 05 नव. 2026, 10:36 AM
👁 9
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने स्कूली वाहनों में ओवरलोडिंग की अनुमति देने पर प्रशासन की कड़ी निंदा की और कागजी कार्रवाई के बजाय सड़क सुरक्षा के ठोस उपाय अपनाने का निर्देश दिया।
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने स्कूली वाहनों में ओवरलोडिंग की अनुमति देने पर राज्य प्रशासन को कड़ी फटकार लगाई है। अदालत ने चिंता व्यक्त की है कि बच्चों को स्कूली बसों और वैन में भूसे की तरह भरा जा रहा है, जो उनकी सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है।
खंडपीठ ने प्रशासन पर कागजी कार्रवाई पर अधिक ध्यान देने का आरोप लगाया और सड़कों पर वास्तविक सुरक्षा सुधार दिखाने का निर्देश दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि स्कूली परिवहन की सुरक्षा के लिए केवल रिपोर्ट्स जमा करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक कदम उठाने की आवश्यकता है।
अदालत के निर्देशों के बाद प्रशासन ने नियम उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की है। ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, 190 चालकों के लाइसेंस निलंबित किए गए हैं और ओवरलोडिंग के कारण 87 वाहनों के चालान किए गए हैं।
हाईकोर्ट का यह निर्णय मध्य प्रदेश में स्कूली परिवहन प्रणाली की निगरानी को कड़ा करने और छात्रों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
खंडपीठ ने प्रशासन पर कागजी कार्रवाई पर अधिक ध्यान देने का आरोप लगाया और सड़कों पर वास्तविक सुरक्षा सुधार दिखाने का निर्देश दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि स्कूली परिवहन की सुरक्षा के लिए केवल रिपोर्ट्स जमा करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक कदम उठाने की आवश्यकता है।
अदालत के निर्देशों के बाद प्रशासन ने नियम उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की है। ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, 190 चालकों के लाइसेंस निलंबित किए गए हैं और ओवरलोडिंग के कारण 87 वाहनों के चालान किए गए हैं।
हाईकोर्ट का यह निर्णय मध्य प्रदेश में स्कूली परिवहन प्रणाली की निगरानी को कड़ा करने और छात्रों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।