📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Gyanendra_Singh_Chau…
राजनीति
हाईकोर्ट ने 15 साल पुरानी आरटीआई केस में एकलपीठ आदेश बदला, राजभवन रिपोर्ट पर
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 03 नव. 2026, 10:36 PM
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मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने 15 साल पुरानी आरटीआई केस में एकलपीठ आदेश में बदलाव किया, अब आवेदक को रिकॉर्ड निरीक्षण के बाद नया आवेदन दायर करना होगा।
मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय, जाबलपुर ने 15 साल पुरानी आरटीआई केस में एकलपीठ आदेश को संशोधित किया, जिसमें राजभवन की मासिक रिपोर्ट और केंद्रीय पत्राचार की जानकारी मांगी गई थी।
पहले के आदेश में आवेदक को नया आवेदन दायर करने से पहले रिकॉर्ड का निरीक्षण करने का निर्देश दिया गया था। संशोधित आदेश में यह स्पष्ट किया गया कि आवेदक को पहले रिकॉर्ड का निरीक्षण करना होगा और फिर दस्तावेज़ों के लिए नया आवेदन प्रस्तुत करना होगा।
इस बदलाव से न्यायालय ने आरटीआई मुकदमों में प्रक्रियात्मक कदमों को सरल बनाने का प्रयास किया है, ताकि आवेदक उपलब्ध रिकॉर्ड के साथ पहले जुड़ें।
यह निर्णय समान मामलों में एक मिसाल कायम कर सकता है, जिससे राज्य‑सरकारी कार्यालयों से संबंधित आरटीआई मामलों में रिकॉर्ड निरीक्षण को प्राथमिकता देने का सिद्धांत मजबूत होगा।
पहले के आदेश में आवेदक को नया आवेदन दायर करने से पहले रिकॉर्ड का निरीक्षण करने का निर्देश दिया गया था। संशोधित आदेश में यह स्पष्ट किया गया कि आवेदक को पहले रिकॉर्ड का निरीक्षण करना होगा और फिर दस्तावेज़ों के लिए नया आवेदन प्रस्तुत करना होगा।
इस बदलाव से न्यायालय ने आरटीआई मुकदमों में प्रक्रियात्मक कदमों को सरल बनाने का प्रयास किया है, ताकि आवेदक उपलब्ध रिकॉर्ड के साथ पहले जुड़ें।
यह निर्णय समान मामलों में एक मिसाल कायम कर सकता है, जिससे राज्य‑सरकारी कार्यालयों से संबंधित आरटीआई मामलों में रिकॉर्ड निरीक्षण को प्राथमिकता देने का सिद्धांत मजबूत होगा।